हस्तमैथुन से आई कमजोरी दूर कर हर यौन समस्या को दूर करता है यह चूर्ण, जानें बनाने और खाने की विधि

कल्याण आयुर्वेद- आजकल के बदलते माहौल और खानपान के साथ नशा, खराब जीवनशैली और बुरी आदतों के कारण उम्र चाहे कम हो या अधिक लगभग हर दूसरा पुरुष या लड़की किसी न किसी गुप्त रोग से परेशान हो रहा है.
हस्तमैथुन से आई कमजोरी दूर कर हर यौन समस्या को दूर करता है यह चूर्ण, जानें बनाने और खाने की विधि
कम उम्र के लड़के जहां लिंग का छोटा होना, स्वप्नदोष, हस्तमैथुन से आयी कमजोरी, शीघ्रपतन, नाईट फॉल जैसी समस्या की शिकायत करते हैं. वही अधिक उम्र के लोग भी धातु पतलापन, लिंग की कमजोरी, नपुंसकता या नामर्दी, पार्टनर के साथ संबंध बनाने में अरुचि, मर्दाना ताकत की कमी होना आदि को लेकर तनाव में रहते हैं.
इन सभी गुप्त रोगों के पीछे कई कारण हो सकते हैं. लेकिन आज हम आपको एक ऐसे चूर्ण के बारे में बताने जा रहे हैं जो इन सभी समस्याओं को दूर करके आपको स्वस्थ पुरुष बना सकता है.
चलिए जानते हैं उसके बारे में-
इस चूर्ण को बनाने के लिए आपको इन जड़ी-बूटियों की आवश्यकता होगी.
अश्वगंधा 100 ग्राम,
गोखरू 100 ग्राम,
कौंच बीज 100 ग्राम,
सफेद मुसली 100 ग्राम,
दरियाई ताल मखाना 100 ग्राम,
मखाना 100 ग्राम,
मिश्री 400 ग्राम,
सभी जड़ी बूटियों को कूट पीसकर चूर्ण बना लें और मिश्री का पाउडर को मिलाकर सुरक्षित रख लें.
सेवन करने के फायदे-
इस चूर्ण के सेवन करने से पुरुष संबंधी सभी गुप्त रोग और यौन समस्याएं दूर हो जाती है. जैसे शीघ्रपतन, काम शक्ति में कमी, शुक्राणु की कमी, किसी बीमारी के कारण आई मर्दाना कमजोरी, लिंग के तनाव का कम होना, स्वप्नदोष, धात गिरना, सेक्स में अरुचि होना, वीर्य का पतलापन, नसों की कमजोरी आदि दूर कर पुरुष के स्टैमिना और शक्ति को बढ़ाने में मदद करती है.
सेवन विधि-
एक चम्मच चूर्ण गाय के गुनगुने दूध के साथ सुबह-शाम सेवन करें. इसके सेवन से यदि पाचन में परेशानी हो तो मात्रा कम कर दें और कोई पाचक चूर्ण का रात को सोने से पहले सेवन करें.
Note- यदि इस चूर्ण को बनाने में परेशानी हो तो आयुर्वेद में कामदेव चूर्ण के नाम से बना बनाया मिलता है. यह पोस्ट शैक्षणिक उद्देश्य से लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए योग्य आयुर्वेद चिकित्सक से संपर्क करें.
यह जानकारी अच्छी लगे तो लाइक, शेयर करें. धन्यवाद.

Post a Comment

0 Comments